कन्या परिवार राशिफल
जयपुर · 17 अक्टूबर 2026 – 23 अक्टूबर 2026
कन्या के लिए आज शुक्ल सप्तमी (भद्रा वर्ग), नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा, योग अतिगण्ड, करण गर। चंद्रमा सुख भाव में हैं — पारिवारिक शांति और माता का सानिध्य सुखद रहेगा। घर में सौहार्दपूर्ण वातावरण रखें। सूर्य प्रथम भाव (आत्म, शारीरिक ऊर्जा एवं मन) से चल रहा है। शुभ पहर: शुभ 07:53 AM–09:19 AM। राहुकाल 09:19 AM–10:45 AM। अतिगण्ड योग भारी माना जाता है — यात्रा और नींव में अतिरिक्त सावधानी।
चंद्र गोचर: चंद्र धनु पर है — आपकी राशि से चतुर्थ भाव (गृह सुख, माता एवं मानसिक शांति)। सूर्य कन्या पर — प्रथम भाव (आत्म, शारीरिक ऊर्जा एवं मन)। यह सूर्योदय गोचर है, जन्म कुंडली का पूर्ण पाठ नहीं।
सूर्योदय 06:27 AM · सूर्यास्त 05:56 PM · राहुकाल 09:19 AM–10:45 AM · अभिजित 11:49 AM–12:35 PM · यमगंड 01:38 PM–03:04 PM · गुलिक 06:27 AM–07:53 AM।
- तिथि
- शुक्ल सप्तमी
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ा
- योग
- अतिगण्ड
- करण
- गर
- चंद्र राशि
- धनु
- सूर्य राशि
- कन्या
- चंद्र भाव
- 4
- सूर्य भाव
- 1
परिवार
परिवार एवं गृहस्थी: घरेलू मामलों में संयम रखें और पुरानी बातों पर बहस करने से बचें। सबको साथ लेकर चलें।
यह राशिफल आपकी राशि पर ग्रहों के दैनिक गोचर और स्थानीय पंचांग पर आधारित है। यह सामान्य मार्गदर्शन हेतु है, किसी प्रकार की चिकित्सीय, कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
- 17 अक्टूबर 2026सावधानी
शुक्ल सप्तमी · Purva Ashadha
परिवार एवं गृहस्थी: घरेलू मामलों में संयम रखें और पुरानी बातों पर बहस करने से बचें। सबको साथ लेकर चलें।
- 18 अक्टूबर 2026सावधानी
शुक्ल अष्टमी · Purva Ashadha
परिवार एवं गृहस्थी: घरेलू मामलों में संयम रखें और पुरानी बातों पर बहस करने से बचें। सबको साथ लेकर चलें।
- 19 अक्टूबर 2026सावधानी
शुक्ल नवमी · Uttara Ashadha
परिवार एवं गृहस्थी: घरेलू मामलों में संयम रखें और पुरानी बातों पर बहस करने से बचें। सबको साथ लेकर चलें।
- 20 अक्टूबर 2026सावधानी
शुक्ल नवमी · Shravana
परिवार एवं गृहस्थी: घरेलू मामलों में संयम रखें और पुरानी बातों पर बहस करने से बचें। सबको साथ लेकर चलें।
- 21 अक्टूबर 2026मिश्रित
शुक्ल दशमी · Dhanishta
परिवार एवं गृहस्थी: परिजनों के साथ परस्पर स्नेह और सहयोग का वातावरण रहेगा। घर में शांति और प्रसन्नता बनी रहेगी।
- 22 अक्टूबर 2026मिश्रित
शुक्ल एकादशी · Shatabhisha
परिवार एवं गृहस्थी: परिजनों के साथ परस्पर स्नेह और सहयोग का वातावरण रहेगा। घर में शांति और प्रसन्नता बनी रहेगी।
- 23 अक्टूबर 2026अनुकूल
शुक्ल द्वादशी · Purva Bhadrapada
परिवार एवं गृहस्थी: परिजनों के साथ परस्पर स्नेह और सहयोग का वातावरण रहेगा। घर में शांति और प्रसन्नता बनी रहेगी।