पंचांग, कोटा
Kota · Kota, Rajasthan
सूर्य व चंद्र गोचर काल
05:57 AM
06:52 PM
04:08 AM
04:49 PM
तिथि
कृष्ण त्रयोदशी
चंद्र दिवस — सूर्य और चंद्रमा के कोणीय अंतर पर आधारित वैदिक तिथि।
नक्षत्र
उत्तरभाद्रपद
चंद्रमा का भ्रमण क्षेत्र (27 नक्षत्रों में से वर्तमान नक्षत्र)।
वार
शनिवार
सप्ताह का दिन — रविवार से शनिवार तक।
योग
वैधृति
सूर्य और चंद्रमा के देशांतर का योग (27 योगों में से एक)।
करण
वणिज
एक तिथि का आधा भाग (करण), जो शुभ कार्यों के निर्धारण में उपयोगी है।
राहुकाल
09:11 AM – 10:48 AM
दिन का अशुभ कालखंड। इस समय शुभ कार्य या नवीन यात्रा प्रारंभ नहीं करनी चाहिए।
इस शहर की जानकारी
चंबल किनारे कोटा वह कोचिंग-शहर घड़ी है जो RPSC और RSMSSB उम्मीदवार पेपर से एक रात पहले सच में खोलते हैं। रिपोर्टिंग बोर्ड तय करता है; राहु काल यहाँ हॉस्टल से निकलने के लिए है, घंटी के लिए नहीं। केंद्र रामपुरा या औद्योगिक क्षेत्र हो तो जयपुर के आठवें भाग न चलाएँ — राजधानी से सूर्योदय कई मिनट अलग है।
पंचांग के पाँच अंग
तिथि
समाप्ति 05:34 PM
कृष्ण त्रयोदशी
नक्षत्र
समाप्ति 09:07 PM
उत्तरभाद्रपद
योग
वैधृति
करण
वणिज
वार
शनिवार
विक्रम संवत्
2085
शुभ मुहूर्त व काल
अभिजित मुहूर्त
11:59 AM – 12:51 PM
ब्रह्म मुहूर्त
04:21 AM – 05:09 AM
विजय मुहूर्त
02:34 PM – 03:26 PM
गोधूलि मुहूर्त
06:40 PM – 07:04 PM
राहुकाल
09:11 AM – 10:48 AM
गुलिक काल
05:57 AM – 07:34 AM
यमगंड
02:02 PM – 03:39 PM
पंचक
पंचक प्रभावी — अंतिम पाँच नक्षत्र (धनिष्ठा से रेवती)
Uttara Bhadrapada
भद्रा (विष्टि करण)
सूर्योदय पर भद्रा (विष्टि करण) नहीं है
ब्रह्म, विजय और गोधूलि मुहूर्त स्थानीय सूर्योदय व सूर्यास्त पर आधारित हैं। पंचक एवं भद्रा की गणना सूर्योदय कालीन नक्षत्र व करण से की गई है।
दिन का चौघड़िया
सूर्य सिद्धांत पर आधारित अष्टम भाग चौघड़िया मुहूर्त
- ⚠️
काल
अशुभ / त्याज्यहानि व कलह भय, सर्वथा त्याज्य
05:57 AMसे 07:34 AM - ✨
शुभ
उत्तम व शुभविवाह, धार्मिक व मांगलिक कार्य
07:34 AMसे 09:11 AM - ⚠️
रोग
अशुभ / त्याज्यरोग भय, नया कार्य वर्जित
09:11 AMसे 10:48 AM - ⚠️
उद्वेग
अशुभ / त्याज्यमानसिक अशांति, सरकारी कार्य से बचें
10:48 AMसे 12:25 PM - ⚡
चल
सामान्य / चरयात्रा, वाहन व गतिशीलता के कार्य
12:25 PMसे 02:02 PM - ✨
लाभ
उत्तम व शुभव्यापार, धन लाभ व नया कार्य आरंभ
02:02 PMसे 03:39 PM - ✨
अमृत
उत्तम व शुभसर्व कार्य सिद्धि, अमृत तुल्य फल
03:39 PMसे 05:15 PM - ⚠️
काल
अशुभ / त्याज्यहानि व कलह भय, सर्वथा त्याज्य
05:15 PMसे 06:52 PM
रात का चौघड़िया
सूर्य सिद्धांत पर आधारित अष्टम भाग चौघड़िया मुहूर्त
- ✨
लाभ
उत्तम व शुभव्यापार, धन लाभ व नया कार्य आरंभ
06:52 PMसे 08:15 PM - ⚠️
उद्वेग
अशुभ / त्याज्यमानसिक अशांति, सरकारी कार्य से बचें
08:15 PMसे 09:38 PM - ✨
शुभ
उत्तम व शुभविवाह, धार्मिक व मांगलिक कार्य
09:38 PMसे 11:01 PM - ✨
अमृत
उत्तम व शुभसर्व कार्य सिद्धि, अमृत तुल्य फल
11:01 PMसे 12:24 AM - ⚡
चल
सामान्य / चरयात्रा, वाहन व गतिशीलता के कार्य
12:24 AMसे 01:47 AM - ⚠️
रोग
अशुभ / त्याज्यरोग भय, नया कार्य वर्जित
01:47 AMसे 03:10 AM - ⚠️
काल
अशुभ / त्याज्यहानि व कलह भय, सर्वथा त्याज्य
03:10 AMसे 04:33 AM - ✨
लाभ
उत्तम व शुभव्यापार, धन लाभ व नया कार्य आरंभ
04:33 AMसे 05:56 AM
